
परमात्मा के सुमिरन में जीयो : समर्थगुरू सिद्धार्थ औलिया
कुरुक्षेत्र, प्रमोद कौशिक 9 अगस्त : श्री दुर्गा देवी मंदिर पिपली, कुरुक्षेत्र के पीठाधीश और समर्थगुरु धारा हिमाचल के शिक्षा कोऑर्डिनेटर आचार्य डॉ. सुरेश मिश्रा ने बताया कि समर्थगुरु धाम, मुरथल के संस्थापक समर्थगुरु सिद्धार्थ औलिया के सान्निध्य में दिव्यता और आनंद से भरा आध्यात्मिक उत्सव मनाया गया।
3 से 5 अगस्त तक समर्थगुरु धाम, मुरथल में आयोजित
त्रिदिवसीय विशेष सिद्धार्थ ध्यान योग, 6 से 8 अगस्त में सुरति योग और 3 से 8 अगस्त 2026 में चरैवेति कार्यक्रम हुआ जिसमें लगभग 400 साधक देश विदेश से शामिल हुए।
सभी प्रतिभागियों को स्वस्थ, समृद्ध और आध्यात्मिक जीवन जीने की आध्यात्मिक तकनीक सिखलाई गई। समर्थगुरु सचिव मां मीराबाई, केंद्रीय संयोजक आचार्य दर्शन,आचार्य गोपाल, आचार्य चेतन और आचार्य सुभाष के साथ देश विदेश से पधारे विशेष शिष्यों ने उमंग उत्साह के साथ भक्तिमय सत्संग और महोत्सव
मनाया।
आज ट्विटर के माध्यम से आदरणीय समर्थगुरू सिद्धार्थ औलिया ने विशेष बताया कि तुम भी किसी कामिल मुर्शिद से जुड़ो और प्रभु के प्रेम स्वरूप को जानो और उसके सुमिरन में जीयो।


