कुरुक्षेत्र बाईपास प्रोजेक्ट को लेकर एनएचएआई ने तैयार किए 3 विकल्प

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी जल्द पूरा करेंगे लोगों के ड्रीम प्रोजेक्ट को।
कुरुक्षेत्र बाईपास को तैयार किया जाएगा प्रथम चरण में।
पिहोवा से लेकर यमुनानगर तक बनाई जाएगी फोरलेन। कुरुक्षेत्र के बाद लाडवा और रादौर में भी बनेंगे दूसरे चरण में बाईपास।
कुरुक्षेत्र, (प्रमोद कौशिक) 21 फरवरी : नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) की तरफ से कुरुक्षेत्र बाईपास प्रोजेक्ट को लेकर 3 विकल्प तैयार किए गए है। इन तीन विकल्पों में पहला विकल्प दक्षिण दिशा में बाईपास बनाने का है। यह बाईपास लगभग 36.9 किलोमीटर का होगा, दूसरा विकल्प उत्तर दिशा की तरफ बनाया जाएगा। इसकी लम्बाई 37.1 किलोमीटर की होगी और तीसरा विकल्प भी दक्षिण दिशा की ओर होगा। इस विकल्प के तहत कुरुक्षेत्र बाईपास शहर के नजदीक से गुजरेगा और इसकी लंबाई 35.2 किलोमीटर की होगी। इन तीन विकल्पों को सरकार के पास भेजा जाएगा और सरकार लोगों की सुविधा के अनुसार एक विकल्प पर अपनी मोहर लगाएगी।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी जल्द ही कुरुक्षेत्र के लोगों को बाईपास के रूप में एक सौगात देंगे और लोगों के ड्रीम प्रोजैक्ट को पूरा करके ट्रैफिक जाम और सडक़ दुर्घटनाओं की बड़ी समस्या से निजात दिलाएंगे। इस ड्रीम प्रोजैक्ट को पूरा करने के लिए शनिवार को नैशनल हाईवे ऑथोरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) की तरफ से प्रथम चरण में बनने वाले कुरुक्षेत्र बाईपास प्रोजैक्ट को लेकर पब्लिक कंस्लटेशन मीटिंग का आयोजन किया गया। इस परियोजना को एनएचएआई के प्रोजेक्ट डायरेक्टर पीके सिन्हा और उनकी टीम द्वारा पॉवर प्रेजेंटेशन के जरिए सबके समक्ष रखा गया। इस प्रोजेक्ट के तहत एनएचएआई द्वारा कुरुक्षेत्र बाईपास बनाने के लिए 3 विकल्प तैयार किए गए है और इन तीनों विकल्पों को लेकर जन प्रतिनिधियों, अधिकारियों और सरपंचों तथा आम नागरिकों ने अपनी राय भी रखी और इस प्रोजेक्ट को लेकर कुछ सुझाव भी दिए गए है।
एनएचएआई की तरफ से निजी एजेंसी द्वारा ट्रैफिक को लेकर सर्वे किया गया। यह सर्वे पिहोवा के पास, गांव मथाना के पास और यमुनानगर के पास गांव दामला में किया गया। इस सर्वे के बाद एनएचएआई ने कुरुक्षेत्र बाईपास को लेकर तीन प्रोजैक्ट तैयार किए है। इन विकल्पों को लेकर विधायक अशोक अरोड़ा, हरियाणा के पूर्व राज्यमंत्री सुभाष सुधा,मुख्यमंत्री के कार्यालय प्रभारी कैलाश सैनी, उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा, जिला परिषद के उपाध्यक्ष डीपी चौधरी, डीटीपी नवीन कुमार सहित अधिकारियों, सरपंचों और आमजन ने अपने सुझाव दिए। एनएचएआई के प्रोजेक्ट डायरेक्टर ने कहा कि सभी गणमान्य लोगों के सुझावों पर गंभीरता से कार्य किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि प्रथम चरण में पिहोवा 152डी से लेकर मथाना के पास गांव बीड सोंटी तक फोरलेन का कार्य किया जाएगा और कुरुक्षेत्र में तीनों विकल्पों में से एक विकल्प के अनुसार बाईपास बनाया जाएगा। इसके बाद यमुनानगर तक फोरलेन का कार्य किया जाएगा और लाडवा के साथ-साथ रादौर में भी बाईपास का निर्माण किया जाएगा।
कुरुक्षेत्र शहर में बाईपास के लिए एनएचएआई ने दिए तीन प्रस्ताव : सुभाष सुधा।
हरियाणा के पूर्व राज्यमंत्री सुभाष सुधा ने कहा कि एनएचएआई ने कुरुक्षेत्र शहर से बाईपास निकालने के लिए तीन प्रस्ताव दिए हैं। इनमें से दो ज्योतिसर से दिल्ली की तरफ उमरी से होते हुए मथाना तक और एक ज्योतिसर से खानपुर कौलियां होते हुए मथाना तक तय किया है। इन पर जिला प्रशासन के अधिकारियों, शहर के नेताओं और जनप्रतिनिधियों की राय ली गई। इसके बाद जल्द ही लाडवा और रादौर बाईपास के लिए भी राय ली जाएगी। उन्होंने एनएचएआई से कहा कि इन योजना में बिल्डिंग कम आनी चाहिए और किसानों का नुकसान नहीं होना चाहिए।
आने वाले 20 साल की स्थिति को ध्यान में रखते हुए बनाए बाईपास की योजना: विधायक अशोक अरोड़ा।
थानेसर विधायक अशोक अरोड़ा ने कहा कि कुरुक्षेत्र से बाईपास निकालते समय शहर के विकास, आबादी और औद्योगिक इकाइयों को ध्यान में रखते हुए निकाला जाना चाहिए। कुरुक्षेत्र धार्मिक नगरी है, यहां पर टूरिस्ट की आवाजाही रहती है। शहर में इंडस्ट्री आने की भी संभावनाएं हैं। सर्वे एजेंसी आने वाले 20 साल बाद की स्थिति को भी ध्यान में रखे। इसके लिए भले ही उन्हें इसकी दूरी ही क्यों ना बढ़ानी पड़े। उन्होंने कहा कि एजेंसी बाइपास पर पडऩे वाले गांवों की एंट्री करना भी सुनिश्चित करे।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी कुरुक्षेत्र के नागरिकों को देंगे बाइपास की सौगात: कैलाश सैनी।
मुख्यमंत्री कार्यालय के प्रभारी कैलाश सैनी ने कहा कि इस प्रोजेक्ट को लेकर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से चर्चा की जा चुकी है। इस जिले के नागरिकों को मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी जल्द ही कुरुक्षेत्र बाईपास की सौगात देंगे और केंद्र सरकार से मिलकर परियोजना को अमलीजामा पहनाएंगे।




