उत्तर प्रदेश की धरा ने क्रांति और शांति का संदेश दिया- प्रो.रजनीकांत

सुहेलदेव वि. वि. में उत्तर प्रदेश दिवस की रही धूम,
उत्तर प्रदेश की धरा ने क्रांति और शांति का संदेश दिया,
……. प्रो.रजनीकांत
यूपी में का बा का, का उत्तर भी मिला, यूपी में इतिहास बा, संस्कृति बा, संघर्ष बा,
आजमगढ़। महाराजा सुहेलदेव विश्वविद्यालय आजमगढ़ के परिसर में स्थित प्रशासनिक भवन के पुस्तकालय कक्ष में आज प्रदेश की राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल की प्रेरणा तथा कुलपति प्रो. संजीव कुमार के मार्गदर्शन में उत्तर प्रदेश दिवस का भव्य आयोजन किया गया। मुख्य अतिथि के रूप में पधारे सिद्धार्थनगर के पूर्व कुलपति एवं महाराजा सुहेलदेव विश्वविद्यालय आजमगढ़ के लोकपाल प्रो. रजनीकांत पांडे तथा कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. अंजनी कुमार, परीक्षा नियंत्रक श्री आनंद कुमार एवं सहायक कुल सचिव डॉ. महेश कुमार श्रीवास्तव ने सामूहिक रूप से दीप प्रज्वलित कर एवं ज्ञान की देवी मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण कर किया।
वि. वि. के मीडिया प्रभारी ने बताया कि आज विश्वविद्यालय परिसर के प्राध्यापक प्राध्यापिकाऐ तथा छात्र-छात्राएं उत्तर प्रदेश का चर्चित परिणाम कुर्ता पायजामा, साड़ी तथा अन्य रंग बिरंगे परिधान में सभी को आकर्षित कर रहे थे। कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथि द्वारा पोस्टर अवलोकन से शुरू हुई। परिसर की छात्र-छात्राओं ने विश्वविद्यालय का कुलगीत प्रस्तुत किया तथा कार्यक्रम की संयोजक डॉ. वैशाली सिंह ने स्वागत भाषण देकर सभी अतिथियों के आगमन को प्रणाम किया। डॉ. अंजनी कुमार ने मुख्य अतिथि को पुष्प पुष्प गुच्छ एवं विश्वविद्यालय का प्रतीक चिन्ह भेंट कर स्वागत किया। परिसर के राजनीतिक विज्ञान विभाग के प्राध्यापको द्वारा मुख्य अतिथि को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत विश्वविद्यालय के छात्र कामेश्वर गिरी द्वारा इस काव्य पाठ के साथ किया गया कि आज उत्तर प्रदेश निहाल सखियां, पूरे भारत में यू.पी. बेमिसाल सखियां, साथ ही साथ उत्तर प्रदेश की डॉक्यूमेंट्री प्रस्तुत कर प्रदेश में हुए विकास और शिक्षा जगत में आमूल चूल परिवर्तन का क्रमवार विवरण प्रस्तुत किया गया। डॉक्यूमेंट्री के द्वारा यह भी अवगत कराया गया कि उत्तर प्रदेश में 6 केंद्रीय विश्वविद्यालय तथा तीन दर्जन राज्य विश्वविद्यालय स्थापित किए गए हैं। प्रदेश बीमारू राज्य से निकल करके एक ट्रिलियन डॉलर की इकोनॉमी की तरफ बढ़ रहा है। एक जिला एक उत्पाद का नारा लोगों को आकर्षित कर रहा है। साथ ही बेहतर कानून व्यवस्था और सबसे बड़े कुंभ मेले का आयोजन करके विश्व फलक पर उत्तर प्रदेश में एक अलग पहचान बनाई है। प्रदेश का चर्चित लोकगीत सोहर लोगों को खूब आकर्षित किया।
मुख्य अतिथि के रूप में पधारे प्रो. रजनीकांत जी ने अपने उद्बोधन में कहा कि परिसर में पहुंचते ही एक सकारात्मक ऊर्जा दिखाई दी,ऐसा तभी हो सकता है जब विश्वविद्यालय के मुखिया का विश्वविद्यालय परिवार सहयोग कर रहा है। आज वर्तमान परिवेश में जैसे भारत का पूरी दुनिया में डंका बज रहा है उसी तरह भारत में उत्तर प्रदेश पूरे प जोशो- खरोश के साथ प्रगति कर रहा है ।यहां की कानून व्यवस्था लोगों को भा रही है, और भारी निवेश उत्तर प्रदेश के विकास में अग्रणी भूमिका निभा रहे हैं। हम उत्तर प्रदेश में पैदा होकर भाग्यशाली है, क्योंकि उत्तर प्रदेश में राम-कृष्ण एवं भोले-बाबा की धरा है, उससे भी ज्यादा सौभाग्य है कि हम आजमगढ़ में पैदा हुए हैं 1857 के विद्रोह का केंद्र भी आजमगढ़ रहा है ।इस प्रदेश में क्रांति एवं शांति दोनों का समावेश है मेरी कर्म भूमि भी आजमगढ़ रही है प्राइमरी शिक्षा का केंद्र आजमगढ़ रहा है मेरा तीनों विश्वविद्यालय से क्रमशः गोरखपुर सिद्धार्थ नगर और आजमगढ़ विश्वविद्यालय से अटूट रिश्ता है। हमारा प्रदेश मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम को अपना आराध्य मानता है। हमें आध्यात्मिकता का समर्थन करना चाहिए। हमें दिखावापन से मोबाइल देखने से तथा नशा करने से बचना चाहिए। उत्तर प्रदेश दिवस मनोरंजन का माध्यम नहीं ,यह गंभीर विषय है। बच्चियों के पठन-पाठन का उल्लेख करते हुए उन्होंने नई पीढ़ी के छात्रों को सावधान रहने का इशारा किया आज विश्वविद्यालय में 80% गोल्ड मेडल बेटियां ले जा रही हैं, जो निश्चय ही एक सुखद संदेश है। नई पीढ़ी के छात्रों के लिए इसे खतरे की घंटी भी कहा जा सकता है। विश्वविद्यालय के छात्र द्वारा दुर्वासा ऋषि का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि हमारे आजमगढ़ की मिट्टी ऋषि मुनियों के साथ-साथ साहित्यकारों की धरा है, हम इस मिट्टी में जन्म लेकर अपने को गौरवान्वित महसूस कर रहे।
विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. संजीव कुमार की ऊर्जा को प्रणाम करते हुए उन्होंने उनके नेतृत्व को खूब सराहा और प्राध्यापको का आह्वान किया कि यथासंभव आप कुलपति जी का सहयोग करें, इससे भी बेहतर परिणाम सामने मिलेगा। उन्होंने आयोजन समिति को आमंत्रित करने के लिए आभार व्यक्त किया। अंत में मुख्य अतिथि महोदय और कुलसचिव तथा परीक्षा नियंत्रक के हाथों पोस्टर प्रतियोगिता में शिवांगी, आशुतोष, युग सोनी श्वेता अदिति श्रेया मनसा को सम्मानित किया गया।
कुलसचिव डॉ. अंजनी कुमार मिश्र ने आयोजन समिति को खूबसूरत कार्यक्रम के लिए बधाई दी तथा सभी के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में अन्य लोगों की अतिरिक्त परीक्षा नियंत्रक श्री आनंद कुमार सहायक कुलसचिव डॉ महेश श्रीवास्तव डॉ. प्रवेश कुमार सिंह, डॉ. जयप्रकाश, डॉ. प्रियंका, डॉ. मनीष ,डॉ. अग्रहरि, डॉ. नितेश एवं डॉ. शुभम राय आदि के साथ-साथ भारी संख्या में छात्र-छात्राएं एवं प्राध्यापक उपस्थित थे कार्यक्रम का संचालन डॉ. निधि एवं डॉ. वैशाली समेकित रूप से किया।
डॉ. प्रवेश सिंह मीडिया प्रभारी महाराजा सुहेलदेव विश्वविद्यालय आजमगढ़ मो.नं. 9452 4458 78




