
मुख्यमंत्री व्यापारी सामूहिक निजी दुर्घटना योजना और मुख्यमंत्री व्यापारी क्षतिपूर्ति योजना के लिए 31 मई तक करें पंजीकरण।
लाडवा, प्रमोद कौशिक/संजीव कुमारी 15 मई : मार्केट कमेटी लाडवा चेयरमैन डा. गणेश दत्त ने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की कार्यशैली और सभी वर्गों के कल्याण के लिए लागू की गई योजनाओं से प्रदेशभर के नागरिक खुश है। हाल ही में प्रदेश के नागरिकों ने मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को प्रदेश में विकास कार्यों की गति को तेज करने के लिए निकाय चुनावों में बड़ी जीत सौंपी है। अब प्रदेश में ट्रिपल इंजन की सरकार तीन गुणा गति के साथ शहरों का विकास करेगी।
चेयरमैन डा. गणेश दत्त शुक्रवार को लाडवा की नई अनाज मंडी में स्थित मार्किट कमेटी कार्यालय में आयोजित व्यापारियों की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार ने व्यापारियों एवं उद्योग जगत को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से विभिन्न योजनाओं की सुखद पहल की है। इसमें ‘मुख्यमंत्री व्यापारी सामूहिक निजी दुर्घटना योजना’ और ‘मुख्यमंत्री व्यापारी क्षतिपूर्ति योजना’ के लिए पंजीकरण की अंतिम तिथि बढ़ाकर 31 मई कर दी गई है। इस योजना के तहत दुर्घटना या स्थाई नि:शक्तता की स्थिति में 5 लाख रुपये तक की सहायता तथा आगजनी, प्राकृतिक आपदा से जान माल के नुकसान पर 5 लाख रुपये से 20 लाख रुपए तक की आर्थिक सहायता राशि दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि इस योजना का लाभ लेने के लिए 50 रुपये शुल्क के साथ पोर्टल पर पंजीकरण करवाना पड़ेगा, जोकि ऑनलाइन के माध्यम से किया जाएगा। उन्होंने सभी व्यापारी भाइयों से सरकार की इस योजना का लाभ उठाने की अपील की। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी व्यापारी और किसानों का पूरा ख्याल रख रहे हैं। देश में सबसे पहले किसानों को प्रदेश की सभी 24 फसलों को एमएसपी पर खरीद करना शुरू किया। ऐसा करने वाला हरियाणा प्रदेश देश का पहला राज्य बना। किसानों को फसल बेचने में कोई दिक्कत ना हो, इसके लिए ऑनलाइन पोर्टल की व्यवस्था की, ताकि सरकार को पता हो कितने एकड़ में कौन सी फसल है। जिसकी मंडी में आने से पहले ही पूरी व्यवस्था की जाती है। इससे किसानों और व्यापारी को काफी सुविधाएं हो रही है।
इस मौके पर मार्केट कमेटी के वाइस चेयरमैन सुरेंद्र सिंगला, विजय काम्बोज एडवोकेट, दीपक चौधरी, संदीप मदान, संजय गर्ग, राजीव आर्य, स्वीटी भुल्लर, जयदेव बप्पदी सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे।


