बाबा त्रिवटीनाथ मंदिर परिसर में नवसंवत्सर पूजन एवं वृतोत्सव पत्रिका का हुआ विमोचन

दीपक शर्मा (जिला संवाददाता )
बरेली : प्राचीनतम एवं भव्यतम बाबा त्रिवटीनाथ मंदिर में आज नवसंवत्सर पूजन एवं वृत्तोसव पत्रिका विमोचन का कार्यक्रम आज मंदिर के श्री रामालय में बहुत धूमधाम के साथ संपन्न हुआ।
नवसंवत्सर पूजन के उपरांत वृतोत्सव पत्रिका विमोचन का मुख्य अतिथि श्री रामचरितमानस कथा मर्मज्ञ पं उमाशंकर व्यास,प्रताप चन्द्र सेठ,मीडिया प्रभारी संजीव औतार अग्रवाल, सुभाष मेहरा ने किया।
कार्यक्रम में पं.ईश्वरसरन ने वर्ष फल बताते हुये कहा कि
हमारी वैदिक सनातन संस्कृति के अनुसार हिंदी नववर्ष विक्रम संवत 2083 नवरात्र एवं चैत्र माह की प्रतिप्रदा के दिन आज ब्रहस्पतिवार दिनांक 19 मार्च को प्रारम्भ हो रहा है और इस वर्ष के संवत्सर का नाम रौद्र नाम संवत्सर है जिसमें राजा गुरु एवं मंत्री मंगल हैं।नवसम्वत्सर का नाम रौद्र नवसम्वत्सर है जिसका अर्थ है वर्ष कुण्डली में लग्न में चतुर्ग्रही योग बन रहा है ।शनि ग्रह से लग्न पीढित है जिसके कारण युद्ध की आशंका और जनहानि का योग दिखता है जिसके फलस्वरूप विश्व की महाशक्तियां अपनी शक्ति का प्रदर्शन करेंगी तथा छोटे देश भत रहेंगे।गुरु के राजा होने के कारण धार्मिक आयोजन होंगे ,खाद्यानों का भरपूर उत्पादन होगा,जल वर्षा होगी,पशुओं को सुख मिलेगा,राजनीति में शुचिता दिखाई देगी तथा सनातन धर्म का प्रचार होगा एवं वैभव बढे़गा।
बाबा त्रिवटीनाथ मन्दिर वृतोत्सव पत्रिका के अनुसार गुरु राजा तथा मंगल मंत्री होने के संयोग से सरकार द्वारा सैन्यबल का विस्तार होगा,भारत और अधिक शक्तिशाली होगा,शत्रु परास्त होंगे,देश में सुख समृद्धि होगी, आतंकवाद एवं नक्सलवाद से जनता को परेशानी होगी,अग्नि काण्ड होंगे,आंधी के कारण क्षति होगी।
मीडिया प्रभारी संजीव औतार अग्रवाल ने बताया कि वैदिक विद्वान ब्राह्मणों तथा मन्दिर समिति द्वारा काफी गहन मंत्रणा के पश्चात मन्दिर सेवा समिति द्वारा वृत्तोत्सव पत्रिका का संकलन प्रति वर्ष किया जाता है जिसका लाभ से सभी सनातन भक्तों को होता है।
मीडिया प्रभारी संजीव औतार अग्रवाल ने बताया कि मंदिर सेवा समिति द्वारा प्रकाशित व्रत्तोसव पत्रिका के द्वारा वर्ष भर में होने वाले सभी हिंदू धर्म से संबंधित वृत, त्योहार एवं तिथियों की जानकारियां मिलना बहुत सुलभ हो जाता है।
रामालय में उपस्थित काफी संख्या में भक्तों ने श्री नवसम्वत्सर पूजन एवं वृत्तोसव पत्रिका का विमोचन किया तथा सभी सनातनधर्मी के लाभार्थ के लिए वितरण किया गया।
पूजन के पश्चात नवनिर्मित श्री भवानी मन्दिर में कलश स्थापना बड़े ही भक्तिभाव के साथ किया गया। तत्पश्चात मन्दिर में उपस्थित काफी संख्या में भक्तों ने माँ के जयकारों तथा भजन कीर्तन किया।
नवनिर्मित अति भव्य जगदजननि माँ भवानी के मन्दिर में महाआरती में काफी संख्या में भक्त उपस्थित रहे और प्रसाद वितरण हुआ।
मीडिया प्रभारी संजीव औतार अग्रवाल ने बताया कि नवनिर्मित माँ भवानी के मन्दिर में जयपुरी वास्तुशिल्प का आधार लिया गया है जिसके कारण मन्दिर में अलौकिक सुंदरता तथा भव्यता का समन्वय देखने को मिला है जिसको दर्शन करने वाले भक्तों में अति उत्साह है और सभी दर्शनार्थी मन्दिर सेवा समिति के सदस्यों की भूरि भूरि प्रशंसा कर रहे हैं।
मन्दिर सेवा समिति के प्रताप चंद्र सेठ, मीडिया प्रभारी संजीव औतार अग्रवाल,सुभाष मेहरा,हरिओम अग्रवाल, ,विनय किशन अग्रवाल,ब्रजेश मिश्रा ,मानस पंत,नवीन गोयल,कृष्णा अग्रवाल का पूर्ण सहयोग रहा।




