
- आजमगढ़: जर्जर सड़कों को लेकर भड़के किसान नेता राजीव यादव, सरकार से तत्काल बजट जारी करने की मांग
- आरोप: मुख्यमंत्री द्वारा कार्ययोजना मांगे जाने के 10 महीने बाद भेजी गई रिपोर्ट, शासन-प्रशासन की उदासीनता का शिकार हो रही जनता।
- चेतावनी: हर गांव-बाजार में जनसुनवाई कर सड़क निर्माण के लिए आंदोलन को और तेज करेगी सोशलिस्ट किसान सभा।
निजामाबाद (आजमगढ़), 30 जून 2026।
मानसून की दस्तक के साथ ही क्षेत्र की जर्जर सड़कों को लेकर जन-आक्रोश फूटने लगा है। सोशलिस्ट किसान सभा के महासचिव व किसान नेता राजीव यादव ने भदुली-निजामाबाद, लाहीडीह से माहुल और निजामाबाद-रानी की सराय सड़कों के निर्माण में हो रही अत्यधिक देरी पर गहरा रोष व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि बारिश शुरू हो चुकी है, लेकिन वादों के बावजूद इन महत्वपूर्ण सड़कों का निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका। आज हुई हल्की सी बारिश ने ही लाहीडीह बाजार की स्थिति बदतर कर दी है।
बाईपास का चौड़ीकरण तो निजामाबाद की उपेक्षा क्यों?
नरौली से भंवरनाथ बाईपास के चौड़ीकरण में हो रही खामियों पर सवाल उठाते हुए राजीव यादव ने कहा कि जब उसके बाद प्रस्तावित बाईपास सड़क का निर्माण और चौड़ीकरण हो सकता है, तो फिर निजामाबाद की इस बेहद महत्वपूर्ण और जर्जर सड़क का निर्माण क्यों अटका हुआ है? उन्होंने साफ तौर पर कहा कि इन प्रशासनिक खामियों और उपेक्षा को लेकर भदुली-निजामाबाद, लाहीडीह से माहुल, और निजामाबाद-रानी की सराय की हर बाजार व गांव में जनसुनवाई की जाएगी और सड़क बनवाने के आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
फाइलों और वादों में उलझा सड़कों का टेंडर
किसान नेता ने लोक निर्माण विभाग (PWD) और शासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करते हुए कहा:
“पिछले साल अगस्त में सड़क निर्माण के लिए हमारी पदयात्रा के बाद खुद मुख्यमंत्री द्वारा कार्ययोजना मांगी गई थी। विभाग ने पहले जनप्रतिनिधियों द्वारा प्रस्ताव न भेजे जाने का बहाना बनाया। बाद में जनता के दबाव में फरवरी में मिर्जापुर-माहुल-बेलवाई मार्ग का टेंडर हुआ, जो बाद में वेबसाइट पर ‘कैंसिल’ दिखने लगा। दोबारा संपर्क करने पर विभाग ने 13 करोड़ रुपये के नवीनीकरण टेंडर और बारिश से पहले सरायपोही व त्रिमुहानी समेत इस मार्ग पर कार्य पूरा करने का आश्वासन दिया था। लेकिन मुख्यमंत्री के आदेश के 10 महीने बीत जाने के बाद अब जाकर भदुली-निजामाबाद की कार्ययोजना भेजी गई है, जो प्रशासनिक सुस्ती का जीता-जागता प्रमाण है।”
मई का वादा अब दो-तीन महीने आगे खिसका
राजीव यादव ने बताया कि मई महीने में लोक निर्माण विभाग ने आश्वासन दिया था कि बारिश से पहले सड़कों का निर्माण करा दिया जाएगा, लेकिन अब प्रशासन दो-तीन महीने की नई समयसीमा बता रहा है। जनता की पुरजोर मांग पर सरायपोही और त्रिमुहानी गांवों की सड़कों का पैचवर्क/निर्माण तो हुआ, लेकिन भदुली-निजामाबाद, लाहीडीह, मुंडियार से माहुल और निजामाबाद-रानी की सराय मुख्य मार्ग पर कोई ठोस कार्य नहीं हुआ।
विभागीय जानकारों के हवाले से उन्होंने कहा कि यह टेंडर ‘स्वीकृति की प्रत्याशा’ में था, जिसके लिए सरकार द्वारा बजट ही जारी नहीं किया जा रहा है। भदुली-निजामाबाद सड़क पहले भी सिर्फ कागजों में ही सिमट कर रह गई थी। उन्होंने चेतावनी दी कि निजामाबाद की जनता को विभागीय और शासन-प्रशासन की इस उदासीनता का शिकार नहीं होने दिया जाएगा और सड़क निर्माण की मांग को लेकर आर-पार की लड़ाई लड़ी जाएगी।
विज्ञप्ति जारीकर्ता:
राजीव यादव
महासचिव, सोशलिस्ट किसान सभा
संपर्क: 9452800752
(फोटो संलग्न: जर्जर सड़क की स्थिति और बयान जारी करते किसान नेता राजीव यादव)


