Uncategorized

छोटे लोहिया का पूर्ण जीवन था समाजवाद और गरीबों के लिए समर्पित

दीपक शर्मा (जिला संवाददाता )

बरेली : सपा छोटे लोहिया के नाम से मशहूर जनेश्वर मिश्र देश के उन गिने – चुने नेताओं में से थे जो केंद्र में 7 बार मंत्री रहे, लेकिन इसके बावजूद उनके पास न कोई बंगला था और न ही कोई गाड़ी ही थी यह उनके ज़मीन से जुड़े नेता होनें की पहचान थी ।
जनेश्वर जी की पहचान यूं तो खांटी समाजवादी नेता की थी लेकिन उनका सम्मान हर पार्टी और नेता करते थे।
उनके ऊपर समाजवादी विचाधारा की छाप साफ़ साफ़तौर पर दिखाई देती थी यह जानकारी सपा कार्यालय पर आज श्रद्धेय जनेश्वर मिश्र जी की पुण्यतिथि पर हुईं विचार गोष्ठी में अध्यक्षता करते हुए महानगर अध्यक्ष शमीम खाँ सुल्तानी ने कार्यकर्ताओं को सम्बोधित करते हुए कही।
इस अवसर पर श्रद्धेय जनेश्वर मिश्र के चित्र पर सपाइयों द्वारा माल्यार्पण कर श्रद्धा सुमन अर्पित किए।
इस दौरान महानगर अध्यक्ष शमीम खाँ सुल्तानी ने कहा बलिया के मध्यम वर्गीय परिवार में उनका जन्म हुआ था और इलाहबाद उनकी कर्मभूमि बनी, वे लोहिया जी के विचारों के साथ राजनीति में आगे बढ़े और देश के कमजोर वर्गो की मुखर आबाज बने, उन्होंने हमेशा किसानों, नौजवानों और सामजिक गैर बराबरी के खिलाफ लड़ाई लड़ी।
महानगर अध्यक्ष शमीम खाँ सुल्तानी ने जनेश्वर मिश्र जी के बारे में बताते हुए कहा कि जनेश्वर मिश्र जी का पूरा जीवन सादा जीवन – उच्च विचार के मापदंड पर ख़रा उतरता है उन्होंने सदैव गांव – गरीब और किसान से जुड़े मुद्दों पर अपनी बेबाकी से राय रखी, ज़ब संसद में वह बोलते थे तो उनका भाषण बहुत ही शान्ति के साथ सभी पक्ष और विपक्ष के नेता सुना करते थे पार्टी के कैडर कैम्प में नेताजी उनका भाषण युवाओं से सुनने की ताकीद किया करते थे हमारे राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को राजनीति में आगे लाने और कन्नौज से सांसद के रूप में प्रत्याशी बनाने का प्रस्ताव नेता जी के सामने जनेश्वर मिश्र जी ने ही रखा था और आपके सानिध्य में ही अखिलेश यादव जी ने राजनीति की बुनियादी तालीम और बारिकियां भी आपसे ही सीखी थीं।
पूर्व शहर विधानसभा प्रत्याशी पार्षद राजेश अग्रवाल ने कहा नेता जी भांति अखिलेश जी जनेश्वर मिश्र जी का बहुत सम्मान करते हैं और मुख्यमंत्री रहते हुए अखिलेश यादव जी ने जनेश्वर मिश्र जी के नाम पर कई सारी कल्याणकारी योजनाओं को चलाया वहीं लखनऊ में एशिया का सबसे बड़ा पार्क बनाया और श्रद्धांजलि स्वरुप उसका नाम जनेश्वर मिश्रा पार्क रखा।
प्रदेश कार्यसमिति सदस्य संजीव सक्सेना ने छोटे लोहिया को नमन करते हुए कहा वे सदैव हम समाजवादियों के प्रेरणा स्रोत रहेंगे, उनके दिए हुए विचार हमें सदैव आगे बढ़ाने के लिए प्रेरित करते रहेंगे, उनका मंत्र जनता के लिए मुद्दों पर संघर्ष करना सबसे पहले था।
इस अवसर पर अल्पसंख्यक सभा के प्रदेश उपाध्यक्ष इंजिनियर अनीस अहमद खाँ ने जनेश्वर जी को सदैव हम सब लोग उनकी सादगी और समाजवाद के प्रति समर्पण के लिए याद करेंगे उन्होंने सवर्ण जाति से होते हुए भी ऐसे समय पर सोचो और वंचितों के लिए लड़ाई लड़ी बहुत ज्यादा जातिवाद के नाम पर अन्याय होता था।
विचार गोष्ठी का संचालन महानगर महासचिव पंडित दीपक शर्मा ने माघ मेले में शंकराचार्य जी के साथ पुलिस द्वारा की गई अभद्रता की घोर निंदा करते हुए कहा ब्राह्मण समाज को अब अपनी आँखें खोल कर यह देखना होगा कि अब सनातन की ठेकदार सत्ता वाली पार्टी के राज्य आपकी शिखाएं अब सुरक्षित नहीं रहीं हैं। इतनी बड़ी घटना के बाद भी किसी सत्ता के किसी जिम्मेदार का शंकराचार्य जी के समर्थन में बयांन न आना बहुत ही निंदनीय है।
कार्यक्रम में पूर्व महानगर अध्यक्ष कदीर अहमद, अंबेडकर वाहिनी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सुरेन्द्र सोनकर, पूर्व ज़िला उपाध्यक्ष रविन्द्र यादव, महानगर उपाध्यक्ष शेर सिंह गंगवार, महानगर उपाध्यक्ष राजेश मौर्या, पूर्व ज़िला उपाध्यक्ष समर्थ मिश्रा, महानगर उपाध्यक्ष दिनेश यादव, अनुज गंगवार एवं सिंपल कन्नौजिया महानगर कोषाध्यक्ष अनिल जौहरी, सूरज यादव, नरेश सोलंकी, कैंट विधानसभा अध्यक्ष हरिओम प्रजापति,शहर विधानसभा अध्यक्ष हसीब खान, ऋषि यादव, सय्यद ज़मील अहमद, मो. वसीम, दीपक वाल्मीकि, छात्र सभा से अविनाश मिश्रा, युवजन सभा महानगर अध्यक्ष दीपक यादव, यूथ ब्रिगेड महानगर अध्यक्ष सचिन आनंद, व्यापार सभा महानगर अध्यक्ष नीरज गुप्ता, अम्बेडकर वाहिनी महानगर अध्यक्ष अमित गिहार, अधिवक्ता सभा से श्यामवीर सिंह यादव, चंद्रसेन पाल, सम्राट अनुज मौर्य, गंगा सिंह यादव, प्रवीण पाठक, उत्कर्ष मिश्रा, पिंकू गुर्जर, राजेंद्र लोधी, महेंद्र विक्रम सिंह, वरुण गिहार, मो. अर्श आदि प्रमुख पदाधिकारी मौजूद रहे। पंडित दीपक शर्मा
महानगर महासचिव सपा, बरेली।

णं

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
plz call me jitendra patel