बदायूं में पांच विकासखंडों में होंगे जैविक किसान मेले

बदायूं में पांच विकासखंडों में होंगे जैविक किसान मेले
बदायूँ : 06मार्च। कृष्ण हरि शर्मा जिला संवाददाता बीबी न्यूज़ बदायूं ।यूपी डास्प द्वारा संचालित “नमामि गंगे जैविक खेती (ईओएफसी)” परियोजना के द्वितीय चरण के अंतर्गत जनपद के विभिन्न विकासखंडों में जैविक किसान मेलों का आयोजन किया जाएगा। इन मेलों का आयोजन कार्यरत संस्था वायोसर्ट इंटरनेशनल द्वारा किया जा रहा है।
उप कृषि निदेशक ने सभी किसानों से अपील की है कि कृषक इन किसान मेलों में भाग लेकर जैविक एवं प्राकृतिक खेती से जुड़ी नई तकनीकों, उसकी उपयोगिता तथा लाभों की जानकारी प्राप्त करें। इससे किसानों को भविष्य में जैविक खेती अपनाने में सहायता मिलेगी और उन्हें बेहतर उत्पादन व आय के अवसर मिल सकेंगे।
उन्होंने बताया कि निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 7 मार्च 2026 को विकासखंड दहगवां परिसर में, 10 मार्च 2026 को विकासखंड सहसवान परिसर में, 13 मार्च 2026 को कृषि विज्ञान केंद्र उझानी में, 18 मार्च 2026 को विकासखंड कादरचौक परिसर में तथा 23 मार्च 2026 को विकासखंड उसावां परिसर में जैविक किसान मेले आयोजित किए जाएंगे। उप कृषि निदेशक ने अधिक से अधिक किसानों से इन मेलों में भाग लेने की अपील की है।
कृषि यंत्रों के लिए 6 मार्च को होगी ई-लॉटरी
बदायूँ : 05 मार्च। उप कृषि निदेशक मनोज कुमार ने जनपद के समस्त किसानों को जानकारी देते हुए बताया है कि उनके द्वारा कृषि यन्त्रीकरण की योजनाओं में 25 फरवरी 2026 से 04 मार्च 2026 तक जो यन्त्रों की बुकिंग करायी गयी थी, यन्त्रों की बुकिंग उपरान्त लाभार्थियों के चयन हेतु 06 मार्च 2026 को शुक्रवार को 11 बजे विकास भवन सभागार बदायूँ में ई-लॉटरी का आयोजन जिलास्तरीय कार्यकारी समिति के समक्ष किया जायेगा। ईच्छुक व्यक्ति समय से पहुंचकर ई-लॉटरी में भाग ले सकते हैं।
06 मार्च को बंद होगा शेखूपुर चीनी मिल का पेराई सत्र
बदायूँ : 05 मार्च। किसान सहकारी चीनी मिल्स लिमिटेड के प्रधान प्रबन्धक मनी अरोडा ने जानकारी देते हुए बताया कि दि किसान सहकारी चीनी मिल्स लिमिटेड शेखूपुर बदायूँ से सम्बन्धित गन्ना आपूर्तिकर्ताओं कृषकों के सट्टे के अनुसार इस मिल समिति द्वारा समस्त पर्चियों निर्गत कर दी गई हैं फिर भी गन्ने के अभाव में मिल रुक-रुककर चल रही है।
ऐसी स्थिति में उन्होंने सम्बन्धित गन्ना आपूर्तिकर्ताओं से अनुरोध किया है कि वह अपनी पर्चियों पर आपूर्ति हेतु अवशेष गन्ना 05 मार्च 2026 तक मिल को आपूर्ति कर देवें । यदि इसके पश्चात् किसी भी गन्ना कृषक का गन्ना अवशेष रह जाता है तो यह चीनी मिल किसी भी रूप में उत्तरदायी नही होगी और मिल का पेराई सत्र 2025-26 में 06 मार्च 2026 को अन्तिम रूप से बन्द कर दिया जायेगा ।




