
लोकेशन रायबरेली
रिपोर्टर विपिन राजपूत
योग महोत्सव के समापन पर स्वस्थ जीवन और संस्कारित समाज निर्माण का लिया संकल्प
मातृभूमि सेवा मिशन ने योग प्रशिक्षकों,योग साधकों को प्रशस्ति पत्र से किया सम्मानित
मातृभूमि सेवा मिशन इकाई रायबरेली के पांच दिवसीय योग महोत्सव का भव्य समापन, योग साधना के साथ सेवा और संस्कार का दिया संदेश
रायबरेली। 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर मातृभूमि सेवा मिशन आध्यात्मिक सेवा संस्थान इकाई रायबरेली की ओर से आयोजित पांच दिवसीय योग महोत्सव का 22 जून को भव्य एवं गरिमामयी वातावरण में समापन हुआ। योग, संस्कार और सेवा के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने वाले इस आयोजन में बड़ी संख्या में योग साधकों, महिलाओं, बच्चों, युवाओं और गणमान्य नागरिकों ने सहभागिता कर स्वस्थ जीवन और सकारात्मक समाज निर्माण का संकल्प लिया।
समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में सिविल कोर्ट रायबरेली के सिविल जज स्वप्निल पांडेय, विशिष्ट अतिथि के रूप में पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय रायबरेली के प्राचार्य एसके श्रीवास्तव तथा अति विशिष्ट अतिथि के रूप में राइजिंग चाइल्ड स्कूल के प्रबंधक एडवोकेट अरविंद श्रीवास्तव उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का संचालन मातृभूमि सेवा मिशन के वरिष्ठ सलाहकार एवं शिक्षाविद् डॉ. संतलाल, योग साधिका सीमा सिंह एवं इकाई के मंडल अध्यक्ष भगवत प्रताप सिंह ने प्रभावशाली एवं गरिमापूर्ण शैली में किया। कार्यक्रम में आध्यात्मिक ऊर्जा और सकारात्मक वातावरण का संचार हुआ।
समारोह का शुभारंभ योग साधना एवं आध्यात्मिक वातावरण के साथ हुआ। जिले के वरिष्ठ योग गुरु डॉ. रवि प्रताप सिंह एवं रायबरेली में योग की अलख जगाने वाले स्तंभ प्रकाश नारायण पाठक ने साधकों को सूर्य नमस्कार, विभिन्न योगासन और प्राणायाम का अभ्यास कराया। योगाभ्यास के माध्यम से लोगों ने स्वस्थ शरीर, शांत मन और संतुलित जीवन का संदेश ग्रहण किया।
सिविल जज स्वप्निल पांडेय ने कहा कि योग भारतीय ऋषि परंपरा की अमूल्य धरोहर है, जो शरीर, मन और आत्मा के संतुलन का मार्ग दिखाता है। योग को जीवन का हिस्सा बनाकर स्वस्थ समाज और सशक्त राष्ट्र के निर्माण में योगदान दिया जा सकता है।
पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय रायबरेली के प्राचार्य एसके श्रीवास्तव ने कहा कि योग विद्यार्थियों और युवाओं के सर्वांगीण विकास का माध्यम है। इससे एकाग्रता, अनुशासन और सकारात्मक सोच का विकास होता है।
एडवोकेट अरविंद श्रीवास्तव ने कहा कि मातृभूमि सेवा मिशन का योग महोत्सव सेवा, संस्कार और आध्यात्मिक जागरण का उत्कृष्ट उदाहरण है, जो समाज को नई दिशा प्रदान करता है।
योग गुरु डॉ. रवि प्रताप सिंह ने कहा कि नियमित योगाभ्यास से व्यक्ति शारीरिक रूप से स्वस्थ, मानसिक रूप से मजबूत और आध्यात्मिक रूप से जागरूक बनता है। योग को दैनिक जीवन में अपनाना समय की आवश्यकता है।
मातृभूमि सेवा मिशन इकाई रायबरेली ने योग महोत्सव के समापन अवसर को ऐतिहासिक बनाते हुए जिले के 155 से अधिक योग साधकों तथा 50 से अधिक अतिथियों को प्रशस्ति पत्र, स्मृति चिन्ह एवं अंगवस्त्र प्रदान कर सम्मानित किया। विशेष बात यह रही कि पहली बार रायबरेली जिले के वरिष्ठ सभी योग प्रशिक्षकों को योग महोत्सव जनसंवाद मंच पर सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर जिले के योग स्तंभ वरिष्ठ योग गुरु प्रकाश नारायण पाठक, योग गुरु डॉ. रवि प्रताप सिंह, योग प्रशिक्षक डॉ. विश्राम यादव, बृजमोहन (बीएम), योग प्रशिक्षक राम सजीवन यादव, योग प्रशिक्षक राम शरण सिंह, योग प्रशिक्षक राजेंद्र त्रिपाठी, सलोन के योग प्रशिक्षक रामशरण सिंह, योग प्रशिक्षक अनूप शर्मा, योग प्रशिक्षक राज अग्रहरि, योग प्रशिक्षक दिनेश पांडेय सहित बड़ी संख्या में योग शिक्षकों को सम्मानित किया गया।
मातृभूमि सेवा मिशन इकाई रायबरेली के जिला अध्यक्ष रामराज गिरी, वरिष्ठ संरक्षक महेंद्र अग्रवाल, संरक्षक अजय मिश्रा, संरक्षक प्रोफेसर डॉ. संजय सिंह, संयोजक प्रदीप पांडेय, सहसंयोजक रामानुज मिश्रा, महामंत्री देवेंद्र नाथ मिश्रा, रवींद्र सिंह, बृजेश सिंह, शैलेंद्र तिवारी, अशोक मिश्रा, कामाख्या नारायण चौबे, प्रोफेसर प्रवेश नारायण सिंह सहित सभी पदाधिकारियों एवं सदस्यों को भी प्रतीक चिन्ह, प्रशस्ति पत्र एवं अंगवस्त्र देकर सम्मानित किया गया।
योग महोत्सव में मातृभूमि सेवा मिशन इकाई से जुड़ी महिला योग साधिकाओं ने भी उत्साहपूर्वक सहभागिता की। कार्यक्रम में आराध्या, शिवांशी, सृष्टि, सीमा सहित सभी योग साधिकाओं के अलावा रश्मि पांडेय, सुमन यादव सहित बड़ी संख्या में बच्चे और अन्य प्रतिभागी उपस्थित रहे। महिला शक्ति और बच्चों की भागीदारी ने आयोजन को और अधिक जीवंत बना दिया।
मातृभूमि सेवा मिशन आध्यात्मिक सेवा संस्थान का उद्देश्य योग, संस्कार, सेवा और भारतीय जीवन मूल्यों के माध्यम से समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाना है। पांच दिवसीय योग महोत्सव ने रायबरेली में स्वास्थ्य, आध्यात्मिक चेतना और सामाजिक समरसता का नया संदेश दिया।
समापन अवसर पर मातृभूमि सेवा मिशन इकाई रायबरेली ने संकल्प लिया कि योग और सेवा के इस अभियान को निरंतर आगे बढ़ाया जाएगा, ताकि स्वस्थ, संस्कारित और आध्यात्मिक समाज निर्माण का लक्ष्य साकार हो सके।


