
दीपक शर्मा (जिला संवाददाता )
बरेली : मानव सेवा क्लब के तत्वावधान में मंगलवार को बिहारीपुर स्थित एक सभागार में सदी के महान ग़ज़लकार दुष्यंत कुमार की 93 वीं जयंती पर एक विचार गोष्ठी और सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। जिसमें कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे रणधीर प्रसाद गौड़ ने कहा कि मात्र 42 वर्ष की अल्पायु में दुष्यंत कुमार ने हिन्दी ग़ज़ल के क्षेत्र में इतना अधिक काम कर दिया कि वह सदी के महानायक कहे जाने लगे। दुष्यंत कुमार की गजलें बहुत चर्चित हैं।आज भी लोग उसे खूब पसंद करते हैं। शायरी और ग़ज़ल में विशेष योगदान के लिए बरेली के प्रख्यात ग़ज़लकार बृजेन्द्र अंकिचन को 14 वां दुष्यंत कुमार स्मृति साहित्य सम्मान दिया गया। सम्मान में हार,शाल,अभिनंदन-पत्र और स्मृति चिन्ह अध्यक्ष सुरेन्द्र बीनू सिन्हा,मुख्य अतिथि रमेश गौतम, विशिष्ट अतिथि डा. अवनीश यादव, कार्यक्रम अध्यक्ष रणधीर प्रसाद गौड़ और इन्द्र देव त्रिवेदी ने दिया। सम्मान के प्रति बृजेन्द्र अंकिचन ने कृतज्ञता व्यक्त करते हुए कहा कि अब उनकी जिम्मेदारी साहित्य सृजन के प्रति और बढ़ गई है।
कार्यक्रम का प्रारम्भ अरुणा सिन्हा की सरस्वती वंदना से हुआ।। क्लब का आव्हान गीत प्रकाश चंद्र सक्सेना ने प्रस्तुत किया। संचालन सुरेन्द्र बीनू सिन्हा ने किया।आभार मनोज दीक्षित टिंकू ने जताया। खासतौर से मौजूद लोगों में प्रकाश सक्सेना,डॉ. सुरेश रस्तोगी,सुधीर मोहन,निर्भय सक्सेना,राम प्रकाश ओज , मनोज टिंकू,राज कुमार अग्रवाल, संतोष कपूर,जितेन्द्र मिश्रा, सुनील कुमार शर्मा,रीतेश साहनी,अरुणा सिन्हा, आलोक शंखधार, आभा तिवारी और अलका त्रिवेदी सहित कई लोग उपस्थित रहे।


