शिक्षणेत्तर कर्मचारी सयुंक्त परिषद ने काली पट्टी बांधकर किया विरोध प्रदर्शन

दीपक शर्मा (जिला संवाददाता )
बरेली : उत्तर प्रदेश में 1अप्रैल 2005 से पुरानी पेंशन योजना (OPS) को समाप्त कर नई पेंशन योजना (NPS) लागू किए जाने के विरोध में आज शिक्षणेत्तर कर्मचारी संयुक्त परिषद बरेली के जिलाध्यक्ष हरी शंकर के नेतृत्व में कर्मचारियों ने इस दिन को काला दिवस के रूप में मनाया। इस अवसर पर कर्मचारियों ने काली पट्टी बांधकर सरकार के निर्णय के खिलाफ जोरदार विरोध दर्ज कराया। जिलाध्यक्ष हरी शंकर ने कहा कि पुरानी पेंशन योजना कर्मचारियों के भविष्य की सुरक्षा का मजबूत आधार थी, जिसे समाप्त कर कर्मचारियों के साथ अन्याय किया गया है। नई पेंशन योजना में न तो स्थायित्व है और न ही सामाजिक सुरक्षा की गारंटी, जिससे कर्मचारियों में असुरक्षा की भावना बढ़ रही है।
जिला सचिव आफ़ाक़ अहमद ने कहा कि 1 अप्रैल 2005 का दिन कर्मचारियों के लिए एक काला अध्याय के रूप में दर्ज हो चुका है, क्योंकि इसी दिन से लाखों कर्मचारियों का भविष्य अनिश्चितता के गर्त में धकेल दिया गया। मण्डल अध्यक्ष हरिओम शर्मा ने सरकार से मांग की कि पुरानी पेंशन योजना को तत्काल बहाल किया जाए, ताकि उन्हें वृद्धावस्था में आर्थिक संकट का सामना न करना पड़े।
मण्डल मंत्री राजेंद्र पाल ने कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। काला दिवस के माध्यम से सरकार को यह स्पष्ट संदेश दिया कि वे अपने अधिकारों के लिए किसी भी स्तर तक संघर्ष करने को तैयार हैं। इस अवसर पर परिषद के मण्डल संयोजक शैलेश सिंह ने भी अपने विचार व्यक्त करते हुए पुरानी पेंशन बहाली की मांग को जोर-शोर से उठाया और एकजुटता का प्रदर्शन किया। इस दौरान कामरान आरिफ, मु फैसल, अमित सिंह बिष्ट, विनय, कमल जीत सिंह, , हरजीत सिंह, अरुण कुमार यादव, तिलक राम, सूरज प्रकाश आदि लोग शामिल रहे।



