सामाजिक एवं पारिवारिक मूल्य, व्यक्ति की सामाजिक विरासत का एक अंग होता है : श्रीप्रकाश मिश्र

वर्तमान काल में पारिवारिक एवं सामाजिक मूल्यों का महत्व विषय पर मातृभूमि शिक्षा मंदिर द्वारा मातृभूमि सेवा मिशन के तत्वावधान में कुटुंब संवाद कार्यक्रम संपन्न।
कुरुक्षेत्र, प्रमोद कौशिक/संजीव कुमारी 16 मार्च : वर्तमान काल में, जहाँ वैश्वीकरण और तकनीक के कारण व्यक्तिगत स्वतंत्रता बढ़ी है, वहीं पारिवारिक एवं सामाजिक मूल्यों का महत्व मानसिक सुकून, भावात्मक सुरक्षा और नैतिक मार्गदर्शन के लिए और अधिक बढ़ गया है। ये मूल्य व्यक्ति को प्रेम, सहयोग, और सम्मान जैसे संस्कार देकर समाज को एकजुट रखते हैं और मानसिक तनाव को कम करने में सहायक होते हैं। यह विचार मातृभूमि सेवा मिशन के संस्थापक डा. श्रीप्रकाश मिश्र ने वर्तमान काल में पारिवारिक एवं सामाजिक मूल्यों का महत्व विषय पर मातृभूमि शिक्षा मंदिर द्वारा आयोजित कुटुंब संवाद कार्यक्रम में व्यक्त किए। कार्यक्रम का शुभारंभ सर्वमंगल प्रार्थना से हुआ। कुटुंब संवाद कार्यक्रम में मातृभूमि शिक्षा मंदिर के विद्यार्थियों ने कुछ अति प्रेरणादायक संस्मरण प्रस्तुत किए।
मातृभूमि सेवा मिशन के संस्थापक डा. श्रीप्रकाश मिश्र ने कहा
भारतीय समाज मूल्य प्रधान समाज है। भारतीय संस्कृति में मूल्यों को मनुष्य के सामाजिक, राजनीतिक और धार्मिक जीवन में विशेष स्थान दिया गया है क्योंकि मूल्यों के वास्तविकरण का नाम ही संस्कृति है। वर्तमान समय में विज्ञान ने जहाँ मनुष्य को भौतिक सुविधाएँ उपलब्ध करने के लिए प्रत्येक क्षेत्र में अविष्कारों के ढेर लगा दिए हैं,वहां उसके जीवन में एक खोखलापन भी उत्पन्न कर दिया है. ऐसे में समाज, देश और अपने स्वयं के जीवन में उसने मानव मूल्यों को तिलांजलि दे दी है। मानव जीवन की सार्थकता तभी है जब वह श्रेष्ठ भावनाएं रखे।
डॉ. श्रीप्रकाश मिश्र ने कहा सामाजिक एवं पारिवारिक मूल्य, व्यक्ति की सामाजिक विरासत का एक अंग होता है, इसलिए मूल्यों की व्यवस्था मानव अस्तित्व के विभिन्न स्तरों या आयामों में व्यक्ति के अनुकूलन की प्रक्रिया का मार्गदर्शन करती है। आज बढ़ते व्यक्तिवाद, एकल परिवारों और भौतिकवाद के कारण पारंपरिक मूल्यों में कमी आ रही है। इससे निपटने के लिए, परिवार में संवाद, नैतिक शिक्षा, और बच्चों के सामने सकारात्मक व्यवहार का उदाहरण प्रस्तुत करना आवश्यक है। परिवार ही वह पहली पाठशाला है जहाँ बच्चे के चरित्र और नैतिक मूल्यों का निर्माण होता है, जो अंततः समाज के लिए एक जिम्मेदार और नैतिक नागरिक तैयार करता है।
कुटुंब संवाद कार्यक्रम को चैतन्य करियर कंसल्टेंट की सुश्री मेधिया सिंह, सुश्री महिमा, अंकित कुमार ने बतौर अतिविशिष्ट अतिथि संबोधित किया। कार्यक्रम में सुनील कुमार, शिवम, आशीष,राकेश कुश सहित मातृभूमि सेवा मिशन के सदस्य, शिक्षक एवं अनेक गणमान्य जन उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन शांति पाठ से हुआ।



