आजमगढ़। जिला कांग्रेस कमेटी ने भाजपा सरकार पर महोबा की दलित छात्रा को न्याय दिलाने की मांग करने वालों को डराने का आरोप लगाया है। शुक्रवार को आयोजित पत्रकार वार्ता में जिलाध्यक्ष कौशल कुमार सिंह ‘मुन्ना राय’ ने प्रदेश अध्यक्ष अजय राय को महोबा जाने से रोके जाने की निंदा करते हुए भाजपा मंत्रियों और विधायकों की संपत्तियों की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई।
मुन्ना राय ने कहा कि महोबा में दलित छात्रा के अपहरण और अमानवीय व्यवहार की घटना ने प्रदेश को झकझोर दिया है। पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय को भाजपा सरकार ने रोकने का हरसंभव प्रयास किया। उन्होंने कहा, “यह दिखाता है कि सरकार न्याय दिलाने के बजाय अपनी विफलता छिपा रही है।”
जांच सबके लिए एक समान हो
जिलाध्यक्ष ने आरोप लगाया कि जब कांग्रेस ने महोबा की बेटी के लिए आवाज उठाई तो ध्यान भटकाने के लिए अजय राय की संपत्ति जांच की मांग की गई। उन्होंने कहा, “कांग्रेस पारदर्शिता के पक्ष में है और जांच से नहीं डरती। लेकिन पैमाना सबके लिए एक हो। भाजपा बताए कि सत्ता में आने के बाद उसके नेताओं की संपत्ति कैसे बढ़ी।”
उन्होंने स्वास्थ्य, निर्माण और सरकारी योजनाओं में भ्रष्टाचार के आरोपों पर सरकार से जवाब मांगा। कहा कि अजय राय के नेतृत्व में कांग्रेस अन्याय और भ्रष्टाचार के खिलाफ संघर्ष जारी रखेगी।
ये मांगें रखीं
- महोबा प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कठोर कार्रवाई हो।
- भाजपा सरकार अपने मंत्रियों-विधायकों की संपत्तियों की स्वतंत्र जांच कराए।
पत्रकार वार्ता में राजाराम यादव, राहुल राय, गिरीश चंद्र चतुर्वेदी, चंद्रपाल सिंह यादव, मुन्नू यादव, शीला भारती, प्रेमा चौहान, राम अवध ‘प्रेमी’, संतोष सिंह, प्रदीप यादव, बृजेश पांडेय समेत कई पदाधिकारी मौजूद रहे।


