
स्वामी विज्ञानानंद जी ने सभी को अधिक से अधिक पौधे लगा कर उनका संरक्षण करने का आह्वान किया।
(पंजाब)फिरोजपुर 04 जून 2026 [कैलाश शर्मा जिला विशेष संवाददाता]=
दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान द्वारा विश्व पर्यावरण दिवस 2026 पर अपने प्रकृति संरक्षण अभियान संरक्षण प्रकल्प के अंतर्गत आज अमर शहीद मदन लाल ढींगरा मेमोरियल पार्क में एक अच्छी आदत विषय पर विशेष कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में योग साधकों एवं प्रकृति प्रेमियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा दैनिक जीवन में ऐसी सकारात्मक आदतों को अपनाने के लिए प्रेरित करना था, जो प्रकृति के संरक्षण में सहायक सिद्ध हों।
इस अवसर पर दिव्य गुरु श्री आशुतोष महाराज जी के शिष्य स्वामी विज्ञानानंद जी ने उपस्थित योग साधकों को संबोधित करते हुए पर्यावरण की महत्ता पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में बढ़ता प्रदूषण, जलवायु परिवर्तन और प्राकृतिक संसाधनों का अंधाधुंध दोहन मानव जीवन के लिए गंभीर चुनौती बन चुके हैं। ऐसे में प्रत्येक व्यक्ति का कर्तव्य है कि वह प्रकृति के संरक्षण हेतु अपनी जिम्मेदारी को समझे और उसे निभाए।
स्वामी जी ने कहा कि प्रायवार्न संरक्षण प्रत्येक नागरिक की व्यक्तिगत व नैतिक जिम्मेदारी है। उन्होंने योग साधकों को प्रेरित करते हुए कहा कि पौधे लगाना और उनकी देखभाल करना, जल का संरक्षण करना, प्लास्टिक के उपयोग को कम करना तथा अपने आसपास के वातावरण को स्वच्छ रखना ऐसी अच्छी आदतें हैं, जिन्हें अपनाकर हम धरती माता के प्रति अपना दायित्व निभा सकते हैं। उन्होंने कहा कि छोटी-छोटी सकारात्मक आदतें मिलकर बड़े परिवर्तन का आधार बनती हैं और आने वाली पीढ़ियों के लिए एक स्वस्थ एवं सुरक्षित पर्यावरण सुनिश्चित कर सकती हैं।
कार्यशाला के दौरान उपस्थित सभी योग साधकों ने पर्यावरण संरक्षण को अपने जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाने का सामूहिक संकल्प भी लिया। सभी ने नियमित रूप से पौधारोपण करने, जल की एक-एक बूंद का सदुपयोग करने तथा अपने घर, पार्क और सार्वजनिक स्थलों को स्वच्छ रखने का प्रण लिया। प्रतिभागियों ने इस संकल्प को समाज के अन्य लोगों तक पहुंचाने और उन्हें भी पर्यावरण संरक्षण के लिए प्रेरित करने का वचन दिया।
कार्यक्रम के अंत में स्वामी विज्ञानानंद जी तथा संस्थान की फिरोज़पुर शाखा की संयोजिका साध्वी करमाली भारती जी ने योग साधकों को अत्यधिक ऑक्सीजन प्रदायक व उचित गुणवत्ता वाले पौधे भी वितरित किए। उन्होंने सभी प्रतिभागियों से इन पौधों की नियमित देखभाल करने तथा अधिक से अधिक हरियाली बढ़ाने का आह्वान किया। पौधों के वितरण के साथ ही कार्यक्रम का समापन पर्यावरण संरक्षण के संदेश और प्रकृति के प्रति समर्पण की भावना के साथ हुआ।
दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान का संरक्षण प्रकल्प निरंतर जन-जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से समाज को प्रकृति संरक्षण के लिए प्रेरित कर रहा है तथा पर्यावरण संतुलन बनाए रखने की दिशा में महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है।


