
रायबरेली रिपोर्टर विपिन राजपूत
महिला कल्याण विभाग लखनऊ उत्तर प्रदेश के निर्देश के क्रम में “संकल्प” हब फार इम्पावरमेंट आफ वूमेंन के अंतर्गत सितंबर
माह में 10 दिवसीय विशेष जागरूकता कार्यक्रम के तत्वाधान में आज दिनांक को विधिक साक्षरता/ जागरूकता थीम पर दी गई जानकारी । जिला कारागार में विधिक साक्षरता विषय पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
जिला मिशन कॉर्डिनेटर शेफाली सिंह द्वारा वहां पर उपस्थित महिलाओं को उनके कानूनी अधिकारों और कर्तव्यों के बारे में जानकारी दिया गया।जिससे वह अपने जीवन को प्रभावी ढंग से जीने और अन्य से लड़ने में सक्षम हो सके, यहां जागरूकता बढ़ाने न्याय सेवाएं सुलभ बनाने और कानून के शासक को बढ़ावा देने में मदद करती है। सदस्य बाल कल्याण समिति मिलिंद द्विवेदी ने कानूनी साक्षरता शिविरों और कार्यशालाओं का आयोजन और जनसंचार माध्यमों का उपयोग करके समाज के कमजोर वर्गों को कानूनी ज्ञान दिया जाता है लोगों को कानून से जुड़े मुद्दों के बारे में सशक्त बनाना ताकि वह अपने अधिकारों के प्रति जागरूक हो और उनका उपयोग कर सके। बाल संरक्षण अधिकारी वीरेंद्र पाल द्वारा समाज के गरीब और वंचित वर्गों को न्याय सेवाएं प्राप्त करने में मदद करना लोगों की भागीदारी से कानून के शासक को मजबूत करना कानूनी साक्षरता से लोग अपने साथ होने वालेअन्य को पहचान सके और उसका विरोध कर सके नागरिक अपने राजनीतिक सामाजिक और सांस्कृतिक अधिकारों को पहचाने और उनका प्रभावी ढंग से उपयोग करने में सक्षम हो कानून की जानकारी न होने पर लोग धोखाधड़ी शोषण और अपने अधिकारों से वंचित हो सकते हैं ।
जेंडर स्पेशलिस्ट पूजा तिवारी द्वारा बताया गया कि विधिक साक्षरता स्थिति को काम करती है इसके लिए राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण और अन्य संगठन गांव में कानूनी साक्षरता शिविर का आयोजन कर लोगों को जानकारी प्रदान करते हैं स्थानीय भाषाओं से कानूनी विषयों पर पुस्तकों और अन्य साहित्य के माध्यम से इसको जागरूक किया जा सकता है रेडियो टेलीविजन जैसे माध्यमों का उपयोग करके आम जनता में जागरूकता फैलाई जाती है । जेल अधीक्षिका रेखा द्वारा बताया गया कि शिक्षा की दृष्टिकोण से दीक्षा जैसे पोर्टल शिक्षा पर कानूनी सामग्री अपलोड की जाती है ।
कार्यक्रम में किरण , पल्लवी दीक्षित, श्रेया, प्रियंका , नंदलाल यादव, शशि प्रकाश आदि महिलाएं उपस्थित रहे।


