
दीपक शर्मा (जिला संवाददाता )
बरेली : फतेहगंज पश्चिमी , नगर पंचायत फतेहगंज पश्चिमी कस्बे में मुस्लिम समुदाय दो पक्षों ने कमेला की जमीन किया दवा।जानकारी के अनुसार कस्बा फतेहगंज पश्चिमी निवासी जहांगीर आलम ने मंडलायुक्त को प्रार्थना पत्र देकर कस्बा फतेहगंज पश्चिमी में स्थित कमेला की जगह पर अपना दावा किया था। जिसके क्रम आज मीरगंज तहसील प्रशासन एवं हल्का लेखपाल आदित्य गंगवार ने शिकायतकर्ता के पुत्र और सभासदों और कस्बे के गणमान्य लोगों की उपस्थिति में शिकायतकर्ता की भूमि एवं जमीन की पैमाइश की।
हल्का लेखपाल आदित्य गंगवार द्वारा पैमाइश करने पर पता चला कि जिस जगह पर जहांगीर आलम अपना दावा प्रस्तुत कर रहे है वह जगह पुरानी आबादी की है। उक्त जगह पर पहले से कुर्बानी होती चली आ रही है। मौके पर उपस्थित कुरैशी समाज एवं सभासदों और पुराने बुजुर्गों का कहना कि कुर्बानी स्थल की जगह पर जहांगीर आलम के द्वारा गलत दावा प्रस्तुत किया जा रहा है। उक्त (भूमि) जमीन न तो उनकी है और न ही उनके परिवार का उक्त जमीन पर कभी कब्जा रहा है।
मौके पर मौजूद तमाम लोगों ने कहा कि किसी भी कीमत कमेला की जमीन पर अवैध कब्जा नहीं होने देंगे। कस्बे के मौजूदा सभासद शराफत हुसैन, सभासद तस्लीम उर्फ टिंकू, सभासद जाकिर हुसैन ने बताया कि (उक्त जगह) कमेला की जमीन पर जहांगीर आलम के द्वारा सिविल न्यायालय में मुकदमा डालने के कारण साफ सफाई और नाली, खड़ंजा बिछाने का जनहित का कार्य प्रभावित हो रहा है। इस मौके पर सभासद मौलाना अहसन अंसारी, मोहम्मद उमर, गयासुद्दीन, मोहम्मद हनीफ, समीम, रईस अहमद, मौहम्मद अकलीन, मोहम्मद रफीक, मोहम्मद सलीम, मोहम्मद आसिफ, मोहम्मद यूनुस, मोहम्मद यामीन, मोहम्मद इरफान, अनवर, जाकिर, मुस्तकीम, रईस, मोहम्मद मियां, छोटा, मोहम्मद शकील, हसन राजा अंसारी, शराफत हुसैन, जाकिर हुसैन, तस्लीम उर्फ टिंकू, मौलाना अहसन अंसारी आदि मुस्लिम समुदाय के मोहल्ले वासियों ने विरोध प्रदर्शन कर आक्रोश जहीर किया।
जहांगीर आलम के पुत्र मोहम्मद वसीम ने बताया कि कमेला बाली जमीन हमारी पुश्तैनी है, और इसके सारे कागज हमारे पास हैं, और बताया कि कमेला बाली जमीन केस कोर्ट में चल रहा है जो भी कोर्ट का आदेश होगा वह हमें स्वीकार होगा।


