श्री विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय में प्रशासनायन-2025 आयोजित

वैद्य पण्डित प्रमोद कौशिक।

प्रशासनिक क्षेत्र के दिग्गज़ों का जमघट, प्रशासनिक नेतृत्व पर 18 शोध पत्र पढ़े गए।
विश्वविद्यालयों में प्रशासनिक दक्षता पर देश में श्री विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय की बड़ी पहल।

पलवल : श्री विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफ़ेसर सुशील कुमार तोमर ने कहा कि प्रशासन एक स्किल है। जो समय के परिवर्तन को आत्मसात करते हुए अपने आप को अपग्रेड करेगा, वह प्रशासनिक सफलता को अवश्य अर्जित करेगा। एक आदर्श प्रशासनिक नेतृत्व के लिए लचीलापन, धैर्य और सामंजस्य बहुत आवश्यक है। कुलपति प्रोफ़ेसर तोमर विश्वविद्यालय में एडमिनिस्ट्रेटिव लीडरशिप पर आयोजित नेशनल सेमिनार प्रशासनायन-2025 में बोल रहे थे। इस सेमिनार में प्रशासनिक क्षेत्र के कई दिग्गजों ने अपने वक्तव्य दिए और 18 शोधपत्र प्रस्तुत किए गए।
कुलपति प्रोफेसर सुशील कुमार तोमर ने कहा कि अकादमिक प्रशासन और सामान्य प्रशासन में काफ़ी भिन्नता होती है। अकादमिक प्रशासन में विद्यार्थी सबसे महत्वपूर्ण घटक हैं और फिर शिक्षकों तथा सहायक स्टाफ का स्थान आता है। प्रोफेसर तोमर ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और चैट जीपीटी जैसे नए आयामों को सीखते हुए आगे बढ़ने ख़ुद को अग्रिम रखने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि शिक्षण संस्थान को अंतर्राष्ट्रीय मानचित्र पर ले जाना हमारा लक्ष्य होना चाहिए।
सेमिनार में मुख्यतिथि के रूप में गुरुग्राम यूनिवर्सिटी के पूर्व कुलपति प्रोफेसर दिनेश कुमार अग्रवाल ने कहा कि प्रशासनिक कार्यों में कौशल झलकना चाहिए। श्री विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय ने इसे चरितार्थ किया है। सबसे पहले ई ऑफ़िस लागू करने से लेकर ऑन द जॉब ट्रेनिंग जैसी अवधारणा पर नए मानक बनाना बहुत महत्वपूर्ण है। प्रोफेसर दिनेश कुमार अग्रवाल ने कहा कि उत्पाद आधारित कौशल बहुत जरूरी है। कौशल बिना प्रगति संभव नहीं। इसलिए कौशल पर केंद्रित रहना बहुत महत्वपूर्ण है।
इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन की प्रोफसर नीतू जैन ने मुख्य वक्ता के रूप में कहा कि लीडरशिप एक एक्शन है। किसी भी संस्थान को आगे बढ़ाने के लिए जुनून की आवश्यकता होती है। उन्होंने कहा कि प्रशासनिक दक्षता के लिए व्यापक दृष्टिकोण होना चाहिए। प्रोफेसर नीतू जैन ने सफलता और नेतृत्व पर आधारित कई दिलचस्प उदाहरण भी प्रस्तुत किए।
कुलसचिव प्रोफेसर ज्योति राणा ने कहा कि प्रशासनिक लीडर में समानुभूति होनी चाहिए, ताकि वह अपने साथ कार्य करने वालों की परेशानी को उसी दृष्टिकोण से समझे। उन्होंने श्री विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय में प्रशासनिक तंत्र के कौशल और विशिष्टता पर भी प्रकाश डाला। प्रोफेसर ज्योति राणा ने कहा कि इस विश्वविद्यालय की उपलब्धियां प्रशासनिक नेतृत्व और कर्मठता की परिणति हैं। इन्हें और बड़े स्तर पर हासिल करने के लिए प्रशासनिक अधिकारियों और कर्मियों के लिए इस नेशनल सेमिनार की पहल की गई है।
एसडीआईटी के संयुक्त निदेशक सुमित सहरावत ने प्रशासनिक सुधारों पर जोर दिया और इस दिशा में श्री विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय के प्रयासों की सराहना की।
अकादमिक अधिष्ठाता प्रोफेसर आर एस राठौड़ ने विषय प्रवेश करवाते हुए अतिथियों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि प्रशासनिक दक्षता की दृष्टि से
प्रशासनायन बहुत महत्वाकांक्षी कदम है। इससे प्रशासनिक उत्कृष्टता अर्जित करने के मानक तय होंगे।
प्लेनरी सत्र में पूर्व कुलपति डॉ. पंकज गुप्ता, जामिया मिलिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर इंद्रजीत सिंह सोढ़ी और डबल्यूईसी की चेयरपर्सन जया गोयल ने अपने वक्तव्य प्रस्तुत किए।
समापन सत्र में एनआईसीएमआर के डीन रिसर्च डॉ. राजेश गोयल मुख्यतिथि के रूप में पहुंचे और उन्होंने प्रशासनिक नेतृत्व पर अपने विचार व्यक्त किए।
टेक्निकल सत्र में सुमन गुप्ता, डॉ. गुंजन गुम्बर और समर महापात्रा ने अध्यक्षता की। प्रोफ़ेसर ऋषिपाल, प्रोफ़ेसर आशीष श्रीवास्तव और प्रोफ़ेसर जॉय कुरियाकोज़े ने सह अध्यक्षता की। वक्ता के रूप में उपकुलसचिव अंजू मलिक, उप कुलसचिव चंचल भारद्वाज, उप कुलसचिव डॉ. ललित शर्मा, जया गोयल और ए के वर्मा ने अपना वक्तव्य दिया। सहायक कुलसचिव डॉ. राजेश कुमार, सोमबीर श्योराण और विनय सैनी ने सत्र का संचालन किया।विनोद भारद्वाज, निशान सिंह, प्रवीण आर्य और अनूप ने प्रतिवेदन प्रस्तुत किया।
प्रशासनायन-2025 की संयोजक डॉ. नीति अरोड़ा ने सभी का आभार ज्ञापित किया। उन्होंने कहा कि इस सेमिनार के निष्कर्ष को अपनी कार्यशैली में सम्मिलित किया जाएगा। सह संयोजक एवं संयुक्त निदेशक शिखा गुप्ता ने सभी के प्रति कृतज्ञता ज्ञापित की। डॉ. वैशाली माहेश्वरी ने मंच संचालन किया।
इस अवसर पर प्रोफ़ेसर सुरेश कुमार, प्रोफ़ेसर कुलवंत सिंह, प्रोफ़ेसर ऊषा बत्रा, डॉ. समर्थ सिंह, डॉ. श्रुति गुप्ता, डॉ. सविता शर्मा, डॉ. मनी कंवर सिंह, डॉ. संजय राठौड़, मुख्य लेखा अधिकारी सुमंत, विधि अधिकारी केशव शर्मा, अमीष अमेय, लख्मी चंद सहित काफ़ी संख्या में अधिकारी और शिक्षक उपस्थित थे।
प्रशासनायन-2025 को संबोधित करते कुलपति प्रोफ़ेसर सुशील कुमार तोमर।
मुख्यतिथि प्रोफेसर दिनेश अग्रवाल को सम्मानित करते कुलपति प्रोफ़ेसर सुशील कुमार तोमर।
प्रशासनायन-2025 में उपस्थित शिक्षक, अधिकारी और कर्मचारी।
राष्ट्रीय सेमिनार को संबोधित करती कुलसचिव प्रोफेसर ज्योति राणा।
राष्ट्रीय सेमिनार को संबोधित करते मुख्यातिथि प्रोफेसर दिनेश कुमार अग्रवाल।

VV NEWS

राष्ट्रीय कार्यालय रमाकान्त पाण्डेय(गोपालपुरी) संरक्षक/संस्थापक ग्राम व पोस्ट- गोपालपुर (टावर) थाना व तहसील- मेहनगर जिला-आजमगढ़, उत्तर प्रदेश पिंन कोड़-276204 मोबाईल-9838825561,7054825561 हेंड कार्यालय/प्रशासनिक कार्यालय जितेंद्र पटेल (प्रमुख संपादक/प्रशासनिक संपादक) ग्राम व पोस्ट- 495668 थाना व तहसील-जांजगीर जिला-जांजगीर (छत्तीसगढ) पिंन कोड़-495668 मोबाईल-6265564514

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

ਅੰਤਰਰਾਜੀ ਕੈਪੈਸਿਟੀ ਬਿਲਡਿੰਗ ਟਰੇਨਿੰਗ ਤੋਂ ਪਰਤੇ ਬਲਾਕ ਰਿਸੋਰਸ ਪਰਸਨਾਂ ਦਾ ਡੀ ਈ ਓ ਦਫਤਰ ਵੱਲੋਂ ਸਵਾਗਤ

Wed Feb 19 , 2025
(ਪੰਜਾਬ)ਫਿਰੋਜ਼ਪੁਰ 19 ਫਰਵਰੀ {ਕੈਲਾਸ਼ ਸ਼ਰਮਾ ਜਿਲਾ ਵਿਸ਼ੇਸ਼ ਸੰਵਾਦਦਾਤਾ}= ਐਸ ਸੀ ਈ ਆਰ ਟੀ ਪੰਜਾਬ ਡਾ ਅਮਨਿੰਦਰ ਕੌਰ, ਜਿਲਾ ਸਿੱਖਿਆ ਅਫਸਰ (ਸੈ. ਸਿ) ਮੁਨੀਲਾ ਅਰੋੜਾ, ਉਪ ਜਿਲ੍ਹਾ ਸਿੱਖਿਆ ਅਫਸਰ(ਸੈ. ਸਿ) ਡਾ ਸਤਿੰਦਰ ਸਿੰਘ ਦੀ ਅਗਵਾਈ ਵਿੱਚ ਜਿਲਾ ਫਿਰੋਜ਼ਪੁਰ ਦੇ ਸਾਇੰਸ ਵਿਸ਼ੇ ਨਾਲ ਸੰਬੰਧਿਤ ਚਾਰ ਬਲਾਕ ਰਿਸੋਰਸ ਪਰਸਨਾਂ ਨੂੰ ਇੰਡੀਅਨ ਇੰਸਟੀਚਿਊਟ ਆਫ […]

You May Like

advertisement