
दीपक शर्मा (जिला संवाददाता )
बरेली : फतेहगंज पश्चिमी, बुधवार को गांव रहपुरा जागीर में चकबंदी अधिकारियो ने गांव पहुंचकर चौपाल लगाकर ग्रामीणों की समस्या सुनी।समस्याओं का निस्तारण नहीं होने के कारण ग्रामीणों ने नाराजगी व्यक्त की है।ग्रामीणों ने अधिकारियों पर हड़काने का आरोप लगाया है।
गांव रहपुरा जागीर में पिछले एक साल से चकबंदी चल रही है।ग्रामीणों का आरोप है।चकबंदी के दौरान कानूनगो,लेखपाल की संयुक्त टीम के द्वारा चाक काटने को लेकर बड़े स्तर पर धांधली की गई है।जिसके कारण तमाम ग्रामीण किसान अपनी जमीन के लिए भटक रहे है। डीडीसी,एसओसी कोर्ट में अधिक संख्या में शिकायत लंबित होने के कारण बुधवार को गांव के पंचायत घर में चौपाल लगाकर। समस्याएं सुनी गई।चौपाल में पहुंचे उप संचालक चकबंदी अधिकारी,बंदोबस्त अधिकारी पवन कुमार,चकबंदी अधिकारी श्याम नारायण अग्निहोत्री,सहायक चकबंदी अधिकारी नीलम शिल्पी ने ग्रामीणों की शिकायत सुनी। सुरेश कुमार,बुद्धसेन, राधेश्याम आदि समेत करीब दर्जन भर ग्रामीण बताया उनके चक ऐसे जगह काट दिए है।जिनमें अवैध मकान बने है।मकान वाले उनको चक पर कब्जा नहीं दे रहे है।इसके अलावा गांव के तीर्थराम ने बताया करीब दो दर्जन चक ऐसे है।जिनके लिए चकमार्ग ही नहीं बनाए है।हरिजन आबादी के लिए भी कोई रास्ता नहीं दिया है।आरोप लगाया कानूनगो,लेखपाल ने धांधली करके कई उड़ान चक बना दिए है।जिससे किसानों का रकवा कम हो गया है।शिकायत सुनकर अधिकारियों पैमाईश टीम को डाटा तो लेकिन किसी ग्रामीण को समस्या का निस्तारण नहीं किया।चौपाल की खानापूरी करके चले गए।तीर्थराम समेत तमाम ग्रामीणों ने अधिकारियों पर हड़काने का आरोप भी लगाया।चकबंदी के अधिकारी करीब 3 बजे गांव पहुंचकर 4 बजे से पहले ही चले गए।उनकी समस्याओं का निस्तारण नहीं करने और धांधली करने वाले कानूनगो,लेखपाल पर कार्यवाही नहीं करने से ग्रामीणों में नाराजगी देखने को मिली।चौपाल में सैंकड़ों की संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।


