
प्रधानमंत्री मुख्यमंत्री के नामित में जिलाधिकारी को दिया गया ज्ञापन मांगे अगर नहीं पूरी हुई तो विधानसभा का होगा घेराव
आजमगढ़।आंगनबाड़ी संयुक्त मोर्चा उत्तर प्रदेश के आह्वान पर आजमगढ़ इकाई ने अपनी 10सूत्रीय लंबित मांगों व वर्तमान ज्वलंत समस्याओं के समाधान को लेकर जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन कर प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री के ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष हेमा गुप्ता ने कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियां एवं सहायिकाएं वर्षों से महिला एवं बाल विकास विभाग की रीढ़ बनकर पोषण, स्वास्थ्य, टीकाकरण, मातृ-शिशु देखभाल सहित सरकार की अनेक योजनाओं को सफल बना रही हैं, बावजूद इसके उन्हें आज तक न तो सरकारी कर्मचारी का दर्जा मिला और न ही सामाजिक सुरक्षा। उन्होंने मानदेय बढ़ाने, संसाधन उपलब्ध कराने तथा राजनीतिक कार्यक्रमों में जबरन उपयोग पर रोक लगाने की मांग की।नीतू पांडेय ने कहा कि विभागीय कार्य ऑफलाइन से ऑनलाइन होने के बाद ई-केवाईसी व एफआरएस जैसी प्रक्रियाओं में घटिया मोबाइल व कमजोर नेटवर्क बड़ी बाधा बन रहे हैं। उन्होंने पोषण ट्रैकर के लिए कम से कम 20 हजार रुपये का गुणवत्तापूर्ण मोबाइल तथा प्रतिमाह 2500 रुपये रिचार्ज-डाटा भत्ता देने की मांग रखी।
कंचन यादव ने कहा कि 20–40 वर्षों की सेवा के बाद भी न प्रमोशन है, न पेंशन, न ग्रेच्युटी और न ही भविष्य निधि। अल्प मानदेय में परिवार चलाना मुश्किल हो गया है। उन्होंने नियमित सरकारी बैठकों की व्यवस्था और सामाजिक सुरक्षा फंड लागू करने की मांग की।
चेतावनी दी कि यदि समय रहते मांगों पर विचार नहीं हुआ तो 08 मार्च 2026 को आंगनवाड़ी कार्यकर्ता लखनऊ कूच करेंगी, जिसकी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
ज्ञापन सौंपने के दौरान गूंजा बरनवाल, प्रेमशीला यादव, सुशीला देवी, रेखा, शशिकला यादव, पूनम सिंह, सुनीला देवी, बंदना मौर्या, अमिता सिंह सहित बड़ी संख्या में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता उपस्थित रहीं।


