
अंतर्राष्ट्रीय जाट धर्मशाला में ‘द सात्विक कैफे’ एवं कुरुक्षेत्र तीर्थ दर्शन बस सेवा का शुभारंभ
कुरुक्षेत्र, प्रमोद कौशिक 19 अगस्त : यात्रियों एवं आमजन की सुविधा में वृद्धि करते हुए आज अंतर्राष्ट्रीय जाट धर्मशाला, कुरुक्षेत्र में ‘द सात्विक कैफे’ का शुभारंभ किया गया। कैफे का उद्घाटन डिप्टी सीएमओ डॉ. जगमेंद्र मलिक ने रिबन काटकर किया। इस अवसर पर अंतर्राष्ट्रीय जाट धर्मशाला के प्रधान डॉ. कृष्ण श्योकंद, कार्यकारिणी के सदस्य तथा समाज के अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
‘द सात्विक कैफे’ केवल भोजन उपलब्ध कराने का केंद्र नहीं, बल्कि शुद्ध, सात्विक एवं स्वास्थ्यवर्धक भोजन की अवधारणा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से शुरू किया गया है। कैफे में स्वाद और गुणवत्ता के साथ-साथ स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखा गया है। यहां कोलेस्ट्रॉल-फ्री पराठे, हार्ट-फ्रेंडली मिठाइयां, एनर्जेटिक छाछ, सात्विक भोजन, फास्ट फूड सहित विभिन्न प्रकार के खाद्य पदार्थ उपलब्ध होंगे।
कैफे की विशेषता यह होगी कि यहां भोजन तैयार करने में रिफाइंड तेल और सामान्य चीनी जैसे उत्पादों के स्थान पर शुद्ध कच्ची घानी के तेल एवं सेंधा नमक का प्रयोग किया जाएगा। इसके साथ ही देसी गाय का घी, कायाकल्प रसायन च्यवनप्राश तथा विभिन्न आयुर्वेदिक उत्पाद भी उपलब्ध रहेंगे। यात्रियों एवं ग्राहकों को किसान के खेत से सीधे प्राप्त ऑर्गेनिक चावल, गेहूं, हल्दी तथा अन्य कृषि उत्पाद खरीदने की सुविधा भी मिलेगी।
इस अवसर पर धर्मशाला के प्रधान डॉ. कृष्ण श्योकंद ने कहा कि देश-विदेश तथा भारत के विभिन्न राज्यों से कुरुक्षेत्र आने वाले यात्रियों के लिए धर्मशाला में भंडारे के साथ-साथ अब ‘द सात्विक कैफे’ के माध्यम से स्वच्छ, गुणवत्तापूर्ण और सात्विक भोजन की बेहतर व्यवस्था उपलब्ध होगी। उन्होंने कहा कि धर्मशाला में आने वाले यात्रियों को एक ही परिसर में भोजन सहित विभिन्न आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध करवाने का प्रयास किया जा रहा है।
डिप्टी सीएमओ डॉ. जगमेंद्र मलिक ने कहा कि स्वाद, स्वच्छता और सात्विकता के क्षेत्र में ‘द सात्विक कैफे’ कुरुक्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाएगा। उन्होंने कहा कि आज के समय में लोग स्वास्थ्य के प्रति अधिक जागरूक हो रहे हैं और ऐसे में शुद्ध एवं स्वास्थ्यवर्धक भोजन का विकल्प बेहद महत्वपूर्ण है।
उन्होंने कहा कि कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं के लिए भी यह कैफे एक बेहतर विकल्प साबित होगा। जो विद्यार्थी शुद्ध, पौष्टिक और स्वास्थ्यवर्धक भोजन करना चाहते हैं, वे यहां आ सकते हैं। उन्होंने धर्मशाला की ओर से छात्र-छात्राओं का स्वागत करते हुए कहा कि ऐसी सुविधाएं युवाओं को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करेंगी।
धर्मशाला की और से गुरदयाल जी के नेतृत्व में यात्रियों की सुविधा के लिए कुरुक्षेत्र दर्शन की विशेष बस सेवा भी शुरू की जा रही है। सुबह 7:00 से 8:00 बजे के बीच तथा दोपहर 3:00 बजे अंतर्राष्ट्रीय जाट धर्मशाला से बस चलेगी, जिसके माध्यम से यात्रियों को कुरुक्षेत्र के प्रमुख धार्मिक एवं दर्शनीय स्थलों का भ्रमण करवाया जाएगा।
कार्यक्रम में उपस्थित गणमान्य व्यक्तियों ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय जाट धर्मशाला में यात्रियों के लिए भोजन, ठहरने, अध्ययन, कैफे तथा कुरुक्षेत्र दर्शन जैसी विभिन्न सुविधाओं को एक ही परिसर में उपलब्ध कराने का प्रयास सराहनीय है। उपस्थित लोगों ने ‘द सात्विक कैफे’ की शुरुआत के लिए डॉ. कृष्ण श्योकंद एवं समस्त कार्यकारिणी का आभार व्यक्त किया तथा कैफे के सफल संचालन की शुभकामनाएं दीं।
इस दौरान सुशील नरवाल, मोहित सिंगरोहा, अक्षय नरवाल, अंकित घराडसी, सज्जन सिंह, भीम सिंह, दरिया घराड़सी, अजमेर श्योकंद, जेपी बीड़ान, विनीत पुनिया आदि शामिल रहे।


