आस्ट्रेलिया के मेलबर्न में आयोजित सत्संग से गूंजी भक्ति और सद्विचारों की धारा

ऑस्ट्रेलिया मेलबर्न ब्यूरो चीफ – विनायक कौशिक।
संवाददाता – सिद्धिमा कौशिक।

कुरुक्षेत्र से आस्ट्रेलिया गए अप्रवासी भारतीयों ने किया संत सम्मान।

ऑस्ट्रेलिया मेलबर्न, 5 जनवरी : विदेश में भी कुरुक्षेत्र व हरियाणा के साथ विभिन्न क्षेत्रों से आए लोग भारतीय संस्कृति संस्कारों एवं धर्म के मार्ग को भूले नहीं हैं। इस प्रमाण आस्ट्रेलिया के मेलबर्न में आयोजित कार्यक्रम में देखने को मिला। श्री शिव विष्णु टेंपल मेलबर्न में एक दिव्य और प्रेरणादायक सत्संग का सफल आयोजन श्री नंगली दरबार के प्रवासी भारतीय भक्त जनों के द्वारा किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। इस सत्संग का उद्देश्य लोगों को भक्ति के मार्ग से जोड़ना, जीवन में सकारात्मक सोच को बढ़ावा देना और आध्यात्मिक ज्ञान का प्रसार करना था। सत्संग के दौरान श्री अद्वैत स्वरूप विचार आश्रम हरियाणा प्रदेश भारत से आए हुए स्वामी ध्यान प्रेमानंद जी महाराज ने सरल शब्दों में भक्ति व धर्म का महत्व समझाया और बताया कि किस प्रकार सच्ची भक्ति मनुष्य के जीवन में शांति, संतुलन और सदाचार लाती है। सत्संग में मौजूद लोगों को अच्छे विचारों, मानव मूल्यों और आत्मिक उन्नति से जुड़े संदेश दिए गए, जिन्हें सभी ने बड़े ध्यान और श्रद्धा के साथ सुना। कार्यक्रम में यह भी बताया गया कि आज की भागदौड़ भरी ज़िंदगी में सत्संग और भक्ति मन को स्थिर करने का एक सशक्त माध्यम है। सत्संग के माध्यम से लोगों को अहंकार, क्रोध और नकारात्मकता से दूर रहकर प्रेम, करुणा और सेवा भाव अपनाने की प्रेरणा मिलती है। श्रद्धालुओं ने बताया कि इस सत्संग से उन्हें मानसिक शांति और आत्मिक ऊर्जा की अनुभूति हुई। कई लोगों ने कहा कि विदेश धरती पर भी ऐसे आयोजनों से समाज में सकारात्मक वातावरण बनता है और नई पीढ़ी को सही दिशा मिलती है। कार्यक्रम का समापन सामूहिक प्रार्थना और शांति पाठ के साथ हुआ। आयोजकों ने भविष्य में भी ऐसे सत्संग आयोजित करने की इच्छा जताई ताकि अधिक से अधिक लोग भक्ति और सद्विचारों से जुड़ सकें। यह सत्संग न केवल एक धार्मिक आयोजन था, बल्कि यह लोगों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने का एक सशक्त प्रयास भी साबित हुआ। इस अवसर पर अंशुल गाबा,सपना गाबा, विशाल,अमित,रणजीत सिंह संधू, मनप्रीत, दीपक अरोड़ा, जयंत कुमार, श्रवण मेहता, सुरेश, चंचल, दीपेश गुप्ता इत्यादि भी मौजूद रहे। आस्ट्रेलिया में स्वामी ध्यान प्रेमानंद जी महाराज एवं श्रद्धालुगण।




