
पंजाब के महामहिम राज्यपाल श्री गुलाब चंद कटारिया जी ने एसबीएसएसयू के कुलपति प्रो. सुरेश कुमार शर्मा जी को किया सम्मानित।
(पंजाब)फिरोजपुर, 19 जुलाई {कैलाश शर्मा जिला विशेष संवाददाता}=
शहीद भगत सिंह स्टेट यूनिवर्सिटी, फिरोजपुर के कुलपति प्रो. सुरेश कुमार शर्मा जी को पंजाब के महामहिम राज्यपाल एवं चंडीगढ़ के प्रशासक श्री गुलाब चंद कटारिया जी द्वारा "भारत के सहकारी क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और उसके अनुप्रयोग" विषय पर उत्कृष्ट व्याख्यान देने के लिए प्रशंसा सम्मान (Appreciation Award) से सम्मानित किया गया।
अपने व्याख्यान में प्रो. सुरेश कुमार शर्मा जी ने बताया कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) भारत के सहकारी क्षेत्र को अधिक आधुनिक, पारदर्शी और प्रभावी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। उन्होंने कहा कि देश में 8 लाख से अधिक सहकारी समितियां 30 करोड़ से अधिक परिवारों को कृषि, डेयरी, बैंकिंग, मत्स्य पालन, आवास और उपभोक्ता सेवाओं से जोड़ती हैं। यदि इन संस्थाओं में एआई तकनीक का उपयोग किया जाए तो उनकी कार्यक्षमता और आय दोनों में उल्लेखनीय वृद्धि हो सकती है।
उन्होंने बताया कि एआई की सहायता से सहकारी संस्थाएं बेहतर और तेज़ निर्णय ले सकती हैं। यह तकनीक रिकॉर्ड रखने की प्रक्रिया को सरल बनाती है, बाजार की सही जानकारी उपलब्ध कराती है, लागत कम करती है तथा मौसम और जलवायु से जुड़े जोखिमों का बेहतर अनुमान लगाने में मदद करती है।
प्रो. शर्मा जी ने कहा कि सहकारी बैंकों में एआई के माध्यम से ऋण स्वीकृति, ग्राहकों की साख का आकलन, धोखाधड़ी की पहचान और जोखिम प्रबंधन अधिक प्रभावी ढंग से किया जा सकता है, जिससे पारदर्शिता बढ़ेगी और खराब ऋण (एनपीए) कम होंगे।
उन्होंने बताया कि कृषि क्षेत्र में एआई फसलों में रोगों की समय पर पहचान, उत्पादन का अनुमान, सटीक खेती तथा सिंचाई प्रबंधन में किसानों की सहायता कर सकता है। वहीं डेयरी सहकारी समितियों में दूध की गुणवत्ता जांच, पशुओं के स्वास्थ्य की निगरानी तथा कोल्ड-चेन प्रबंधन को और अधिक बेहतर बनाया जा सकता है।
प्रो. शर्मा जी ने कहा कि अमूल, इफको, नाबार्ड और ई-नाम जैसी संस्थाएं नई तकनीकों का सफल उपयोग कर रही हैं और आने वाले समय में जनरेटिव एआई, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), ब्लॉकचेन और रोबोटिक्स जैसी तकनीकों से भारत का सहकारी क्षेत्र और अधिक मजबूत, पारदर्शी तथा आधुनिक बनेगा।
उन्होंने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सहकारी संस्थाओं का स्थान नहीं लेगा, बल्कि उन्हें अधिक सक्षम, लाभदायक, पारदर्शी और समावेशी बनाएगा। इससे प्रधानमंत्री के “विकसित भारत 2047” के लक्ष्य को प्राप्त करने में भी महत्वपूर्ण योगदान मिलेगा।
इस अवसर पर प्रो. सुरेश कुमार शर्मा ने कहा कि यह सम्मान केवल उनका व्यक्तिगत सम्मान नहीं, बल्कि शहीद भगत सिंह स्टेट यूनिवर्सिटी, फिरोजपुर के समस्त शिक्षकों, शोधार्थियों एवं विद्यार्थियों के सामूहिक प्रयासों और उत्कृष्ट शैक्षणिक वातावरण का सम्मान है। उन्होंने विश्वविद्यालय में नवाचार, अनुसंधान और आधुनिक तकनीकों के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य जारी रखने का संकल्प दोहराया।
विश्वविद्यालय परिवार ने इस उपलब्धि पर कुलपति प्रो. सुरेश कुमार शर्मा जी को हार्दिक बधाई देते हुए इसे विश्वविद्यालय के लिए गर्व और सम्मान का क्षण बताया।


